
- डॉ अरुण कुमार मयंक –
बिहारशरीफ डेस्क। नालंदा कांग्रेस की बैठक में संगठन को लेकर बड़ा राजनीतिक संदेश दिया गया। कड़ाके की ठंड में भी स्थानीय राजेन्द्र आश्रम बुधवार को कांग्रेसजनों से भरा रहा। जिलाध्यक्ष नरेश प्रसाद अकेला की अध्यक्षता में हुई बैठक में संगठन सृजन पर मंथन हुआ। प्रदेश कांग्रेस के नवनियुक्त पर्यवेक्षक सत्येन्द्र प्रसाद यादव मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
प्रदेश पर्यवेक्षक सत्येन्द्र यादव ने मंच से साफ शब्दों में कहा—अब पार्टी में दिखावे की राजनीति नहीं चलेगी। जमीनी स्तर पर पसीना बहाने वाले कार्यकर्ताओं को ही जिम्मेदारी मिलेगी। बूथ से लेकर जिला तक कार्यकर्ताओं को सम्मानजनक स्थान दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस संगठन को नीचे से ऊपर तक मजबूत किया जाएगा। हर कार्यकर्ता की पहचान होगी। मेहनत और निष्ठा ही तरक्की की कसौटी होगी।
कांग्रेस विधि एवं मानवाधिकार विभाग के प्रदेश उपाध्यक्ष व लखीसराय के पर्यवेक्षक सुनील कुमार सिन्हा ने और तीखा बयान दिया। उन्होंने कहा—अब पटना और दिल्ली की परिक्रमा करने वाले नेताओं का युग समाप्त हो चुका है। संगठन सृजन में हवा-हवाई नेताओं की कोई जगह नहीं दी जाएगी। दिन-रात पार्टी के लिए समर्पित कांग्रेसजनों को आगे बढ़ाया जाएगा। कांग्रेस लीगल सेल के जिलाध्यक्ष सरफराज मल्लिक ने देश में कांग्रेस की कोई सानी नहीं है। यह सभी जाति, धर्म व तबके के लोगों की पार्टी है। राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस अपनी खोई हुई गौरव-गरिमा प्राप्त करेगी।
बैठक में मनरेगा जैसे जनहित के मुद्दों पर भी गंभीर चर्चा हुई। जनता से जुड़े सवालों को सड़क से सदन तक उठाने का संकल्प लिया गया। बैठक में जमील अशरफ जमाली, हाफिज महताब आलम,मंजू देवी, डॉ. अवधेश प्रसाद, नवीन कुमार मौजूद रहे। हरिहर नाथ, विवेक कुमार सिन्हा, चंडी प्रखंड अध्यक्ष रविकांत राज, थरथरी प्रखंड अध्यक्ष रोहित रंजन, हरनौत प्रखंड अध्यक्ष संटू कुमार, किरानी पासवान, रमेश पासवान और अनिल चन्द्रवंशी ने भी भाग लिया।
बैठक का लहजा साफ था—
कांग्रेस अब जमीन से उठेगी !
कार्यकर्ताओं के दम पर संगठन खड़ा होगा !!
नालंदा से बदलाव का शंखनाद हो चुका है !!!
