– पंचमुखी न्यूज –
बिहारशरीफ डेस्क। एमडीएम डीपीएम, जिला लेखापाल, जिला साधन सेवी, प्रखंड साधनसेवी व अन्य कर्मी मानदेय में बढ़ोतरी नहीं होने पर जिला एमडीएम कार्यालय में मंगलवार को धरना-प्रदर्शन के बाद बेमियादी हड़ताल पर चले गये। दूसरे दिन बुधवार को भी एमडीएम के लोग भी हड़ताल पर रहे।
बिहार राज्य मध्याह्न भोजन योजना कर्मचारी संघ के आह्वान पर कर्मियों ने समग्र शिक्षा अभियान के कर्मियों के समतुल्य मानदेय देने की सरकार से मांग की। उन्होंने सरकार को अल्टीमेटम देते हुए कहा कि मांगें पूरी नहीं होने तक हड़ताल जारी रहेगी। संघ के जिलाध्यक्ष मुकेश कुमार ने बताया कि मांगें पूरी नहीं होने तक चरणबद्ध तरीके से धरना-प्रदर्शन जारी रहेगा। कर्मियों ने बताया कि प्रखंड संसाधन केन्द्रों में कार्यरत आदेशपाल-सह-रात्रि प्रहरी (समग्र शिक्षा अभियान में कार्यरत) का मानदेय 40 हजार दिया जा रहा है।जबकि, एमडीएम बीआरपी को महज 16 हजार 100 रुपये मानदेय दिया जा रहा है। इसी वेतन विसंगतियों को दूर करने के लिए हड़ताल की जा रही है।
हड़ताल चली लंबी तो योजना होगी बाधित :
जिले में दो हजार 174 विद्यालयों में मध्याह्न भोजन योजना के तहत बच्चों को दोपहर का भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है। मध्याह्न भोजन योजना से पौने दो लाख बच्चे लाभान्वित हो रहे हैं। जानकारों ने बताया कि बच्चों को नियमित रूप से मेनू के अनुसार भोजन मिल रहा है या नहीं, इसकी जांच नहीं हो सकेगी। योजना से जुड़ी समस्याएं उत्पन्न होने पर समाधान करना प्राचार्यों के लिए चुनौती होगा। ई-शिक्षाकोष पर एमडीएम की रिर्पोटिंग की समीक्षा होने से परेशानी होगी। मौके पर डीपीएम जितेन्द्र कुमार, लेखापाल जय प्रकाश पांडेय, बीआरपी दयानंद रविदास, अजय कुमार, डीआरपी वीरेन्द्र कुमार, कृष्ण कुमार सुंदरम, मनोज मलाकार, सोफल कुमार, राकेश रंजन, सिम्पल कुमारी, प्रदीप कुमार, संतोष कुमार, शशिरंजन कुमार, मनोज कुमार व अन्य मौजूद थे।
