
- डॉ अरुण कुमार मयंक –
बिहारशरीफ के अस्पताल चौक पर उस समय राजनीतिक माहौल गरमा गया, जब जिला कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता सड़क पर उतर आए। NEET पेपर लीक, शिक्षा व्यवस्था में भ्रष्टाचार और दिल्ली में कांग्रेस नेताओं के साथ पुलिस कार्रवाई के विरोध में जोरदार प्रदर्शन हुआ। केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का प्रतीकात्मक पुतला दहन किया गया। प्रदर्शन के दौरान नेताओं ने युवाओं के भविष्य, लोकतांत्रिक अधिकारों और शिक्षा व्यवस्था को लेकर सरकार पर तीखे सवाल दागे।
बिहारशरीफ में कांग्रेस का जोरदार प्रदर्शन, सरकार पर लगाए गंभीर आरोप:
बिहारशरीफ डेस्क। जिला कांग्रेस कमेटी, नालंदा के तत्वावधान में बिहारशरीफ के अस्पताल चौक (हॉस्पिटल मोड़) पर NEET परीक्षा में पेपर लीक, शिक्षा व्यवस्था में बढ़ते भ्रष्टाचार तथा दिल्ली में कांग्रेस सांसदों और नेताओं पर पुलिस द्वारा किए गए कथित बल प्रयोग के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया गया। इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का प्रतीकात्मक पुतला दहन किया।
“लाखों छात्रों के भविष्य के साथ हुआ खिलवाड़”
प्रदर्शन को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष विवेक कुमार सिन्हा ने कहा कि NEET पेपर लीक ने लाखों मेहनती छात्रों और उनके परिवारों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं, लेकिन केंद्र सरकार दोषियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई करने में विफल रही है। उन्होंने कहा कि युवाओं के भविष्य की रक्षा करना किसी भी सरकार की सबसे बड़ी जिम्मेदारी होती है, लेकिन आज छात्र लगातार पेपर लीक, बेरोज़गारी और अव्यवस्था जैसी समस्याओं से जूझ रहे हैं।
दिल्ली पुलिस की कार्रवाई पर भी साधा निशाना:
विवेक कुमार सिन्हा ने दिल्ली में कांग्रेस सांसदों एवं नेताओं पर हुई पुलिस कार्रवाई को लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ बताते हुए कहा कि लोकतंत्र में हर नागरिक और राजनीतिक दल को शांतिपूर्ण एवं संवैधानिक तरीके से अपनी बात रखने का अधिकार है। उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना आवश्यक है, लेकिन शांतिपूर्ण विरोध-प्रदर्शन के अधिकार का सम्मान भी उतना ही जरूरी है।
कांग्रेस की प्रमुख मांगें:
प्रदर्शन के दौरान जिला कांग्रेस कमेटी ने मांग की कि—
- NEET पेपर लीक मामले की निष्पक्ष एवं समयबद्ध जांच कराई जाए।
- दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई हो।
- परीक्षा प्रणाली को पूरी तरह पारदर्शी और सुरक्षित बनाया जाए।
- लोकतांत्रिक विरोध-प्रदर्शन के दौरान कानून के अनुरूप कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
- नागरिकों के शांतिपूर्ण अभिव्यक्ति के अधिकार का सम्मान किया जाए।
“लोकतंत्र का गला घोंटा जा रहा”
कांग्रेस लीगल सेल के जिलाध्यक्ष मो. सरफ़राज़ मल्लिक ने आरोप लगाया कि देश और प्रदेश की सरकार लोकतंत्र का गला घोंटने पर आमादा है। उन्होंने कहा कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर लगातार हमला हो रहा है, लेकिन कांग्रेस लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखेगी।
बड़ी संख्या में कार्यकर्ता रहे मौजूद:
प्रदर्शन में युवा कांग्रेस जिलाध्यक्ष विवेकानंद पासवान, हैदर आलम, जमाल अशरफ़ जमाली, उस्मान गनी, इंजीनियर टीपू, अजय कुमार पांडेय, शिव कुमार यादव, सत्येंद्र सिंह, मुकेश कुमार, इम्तियाज आलम, अनिल कुमार, प्रमोद कुमार, रूद्राक्ष सिंह यादव, डॉ. अवधेश प्रसाद, विद्यानंद यादव, सुजानी कुमार, ममता रानी, किरानी पासवान, रजनीश कुमार, अजीत राज (मीडिया प्रभारी), चंदन यादव, शैलेश कुमार, हाफिज महताब आलम, असगर भारती, सुभाष जी समेत बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।
पंचमुखी न्यूज़ नोट:
यह प्रदर्शन कांग्रेस की ओर से आयोजित राजनीतिक विरोध कार्यक्रम था। इसमें लगाए गए आरोप और बयान संबंधित नेताओं के हैं। NEET पेपर लीक और अन्य मुद्दों पर जांच एवं कार्रवाई संबंधित एजेंसियों और सरकार के स्तर पर की जाती है।
