- डॉ अरुण कुमार मयंक –
बिहार की राजनीति में बड़ा सियासी धमाका! कभी नीतीश कुमार पर तीखे हमले करने वाले पूर्व केंद्रीय मंत्री आरसीपी सिंह अचानक मुख्यमंत्री आवास पहुंच गए। करीब 20 मिनट की इस बंद कमरे की मुलाकात ने जेडीयू की राजनीति में भूचाल ला दिया है। सवाल अब यही है—क्या नीतीश कुमार ने आरसीपी को माफ कर दिया? क्या जेडीयू में उनकी घर वापसी तय है? इस एक मुलाकात ने बिहार की सियासत का पारा हाई कर दिया है।
विस्तृत खबर:
पटना के 7 सर्कुलर रोड स्थित आवास पर शनिवार को हुई नीतीश कुमार और आरसीपी सिंह की मुलाकात ने बिहार की राजनीति में नई हलचल पैदा कर दी। दोनों नेताओं की साथ वाली तस्वीर खुद आरसीपी सिंह ने सोशल मीडिया पर साझा की और मुलाकात को “बेहद आत्मीय” बताया। करीब 20 मिनट तक चली इस मुलाकात के बाद आरसीपी सिंह बिना मीडिया से बात किए निकल गए, लेकिन बाद में उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार का बॉडी लैंग्वेज बेहद सकारात्मक और खुश नजर आया। उन्होंने साफ कहा कि “राजनीति में साथ रहना चाहिए। बड़े-छोटे के बीच मतभेद होते रहते हैं, लेकिन समय हमेशा एक जैसा नहीं रहता।” आरसीपी सिंह ने यह भी खुलासा किया कि जेडीयू के कई कार्यकर्ता लगातार उन्हें पार्टी में लौटने की सलाह दे रहे थे, जिसके बाद उन्होंने खुद पहल करते हुए नीतीश कुमार से मिलने का फैसला किया।
साल 2022 में जेडीयू छोड़ने के बाद आरसीपी सिंह ने नीतीश कुमार पर खुलकर हमला बोला था। इसके बाद वे बीजेपी में शामिल हुए, लेकिन वहां उन्हें अपेक्षित राजनीतिक महत्व नहीं मिला। बाद में वे कुछ समय जन सुराज से भी जुड़े, लेकिन अब उनकी सक्रिय राजनीतिक भूमिका सीमित नजर आ रही है। ऐसे में नीतीश कुमार से यह मुलाकात केवल शिष्टाचार नहीं, बल्कि संभावित “घर वापसी” की शुरुआत मानी जा रही है। अगर आरसीपी सिंह की जेडीयू में वापसी होती है, तो पार्टी के भीतर मौजूदा समीकरण बदल सकते हैं। खासकर संजय झा और ललन सिंह के प्रभाव वाले संगठनात्मक ढांचे पर इसका असर पड़ सकता है।
हालांकि अभी तक जेडीयू की ओर से आरसीपी सिंह की वापसी को लेकर कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है, लेकिन सियासी गलियारों में चर्चाओं का बाजार गर्म है। अब सबकी नजर इस बात पर टिकी है कि यह मुलाकात सिर्फ शिष्टाचार थी या बिहार की राजनीति में किसी बड़े राजनीतिक “री-एंट्री प्लान” का संकेत।
पंचमुखी न्यूज़ का पंच:
20 मिनट की मुलाकात… हजारों सवाल!
क्या नीतीश ने आरसीपी को माफ कर दिया?
क्या जेडीयू में होगी सबसे चर्चित घर वापसी?
या फिर बिहार की सियासत में अभी बाकी है सबसे बड़ा ट्विस्ट?
